हम डॉ. भीमराव आंबेडकर जी के आदर्शों से प्रेरित होकर एकजुट हो रहे हैं। शिक्षा, समानता और भाईचारे के लिए यह हमारा सामूहिक संकल्प है।
प्रिय साथियों,
14 अप्रैल हमें याद दिलाता है कि बाबासाहेब ने शिक्षा, समानता और संघर्ष का जो पथ दिखाया, उसी पर चलकर हम अपने गाँव चाचपुर को आदर्श बना सकते हैं।
“शिक्षित बनो, संगठित रहो और संघर्ष करो।” — डॉ. भीमराव आंबेडकर
आइए मिलकर अपने गाँव में शिक्षा का दीप जलाएँ, युवाओं को अवसर दें और भाईचारे की मिसाल कायम करें। एकता ही हमारी सबसे बड़ी ताकत है।
जय भीम! जय संविधान! जय एकता!
हमारे गाँव चाचपुर से जुड़कर विभिन्न स्थानों के लोगों ने क्या कहा
“चाचपुर की यह टीम देखकर लगता है कि असली एकता यही है। बाबासाहेब के विचारों को अपनाकर हम गाँव को बेहतर बना रहे हैं। शिक्षा और रोजगार पर फोकस बहुत जरूरी है।”
“डॉ. आंबेडकर जी की जयंती पर यह संकल्प बहुत प्रेरणादायक है। हम सबको संगठित होकर गाँव के विकास में योगदान देना चाहिए। जय भीम!”
“एकता से ही बदलाव आता है। चाचपुर टीम ने हमें नई ऊर्जा दी है। महिलाओं की शिक्षा और स्वास्थ्य पर काम हो रहा है, यह बहुत अच्छा है।”
“बाबासाहेब कहते थे कि शिक्षा सबसे शक्तिशाली हथियार है। चाचपुर में यह टीम इसी दिशा में काम कर रही है। मैं पूरी तरह समर्थन करता हूँ।”
“समाज में समानता लाने का यह प्रयास सराहनीय है। हमारे युवा आगे आएँ और गाँव को मजबूत बनाएँ। चाचपुर का यह संकल्प सभी के लिए प्रेरणा है।”
“जब सब मिलकर चलते हैं तो कोई भी लक्ष्य मुश्किल नहीं रहता। चाचपुर की टीम ने यह साबित कर दिया है। बहुत अच्छा काम हो रहा है।”
“भाईचारा और न्याय बाबासाहेब का मूल मंत्र है। इस टीम से जुड़कर मुझे गर्व महसूस हो रहा है। हम सबका सहयोग जारी रहेगा।”
“गाँव के विकास के लिए शिक्षा और रोजगार सबसे महत्वपूर्ण हैं। चाचपुर टीम इस दिशा में सही कदम उठा रही है।”
“14 अप्रैल को बाबासाहेब की जयंती पर यह एकता का संदेश पूरे उत्तर प्रदेश के लिए उदाहरण है। मैं भी इस मुहिम का हिस्सा बनना चाहता हूँ।”
“हमारी अगली पीढ़ी को शिक्षित और जागरूक बनाना हमारा कर्तव्य है। चाचपुर की यह पहल बहुत सराहनीय है।”
टीम कोऑर्डिनेटर
सह-संयोजक
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बाबासाहेब की जयंती पर हमारे साथ जुड़कर गाँव के विकास में योगदान दें।
व्हाट्सएप ग्रुप जॉइन करेंसमर्पित भाव से,
समाजसेवी श्री लोकेंद्र कुमार
पुत्र चंदरपाल सिंह